बांधवगढ़ में चोर बेखौफ, वन विभाग बेबस ? खाली रेंजर बंगले से सागौन और चंदन के पेड़ गायब
संरक्षित क्षेत्र से जुड़े शासकीय परिसर में चोरी ने सुरक्षा व्यवस्था पर खड़े किए गंभीर सवाल, एफआईआर के लिए पुलिस को भेजा गया पत्र
Kamlesh Yadav | Umaria
देशभर में बाघों की सुरक्षा के दावे करने वाले बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व में अब वन विभाग की अपनी संपत्ति की सुरक्षा पर सवाल उठने लगे हैं। मानपुर परिक्षेत्र में रेंजर के खाली पड़े शासकीय बंगले से सागौन और चंदन के बहुमूल्य पेड़ काटकर चोरी किए जाने की घटना ने विभाग की निगरानी व्यवस्था पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगा दिए हैं। जानकारी के अनुसार, मानपुर परिक्षेत्र अधिकारी के स्थानांतरण के बाद शासकीय आवास खाली पड़ा था। इसी दौरान अज्ञात चोर परिसर में घुसे और बहुमूल्य वृक्ष काटकर ले गए। घटना की जानकारी मिलने के बाद वन विभाग में हड़कंप मच गया।
सबसे बड़ा सवाल यह है कि यदि वन विभाग के शासकीय परिसर में लगे बहुमूल्य वृक्ष भी सुरक्षित नहीं हैं, तो उनकी नियमित निगरानी कैसे हो रही थी? क्या खाली पड़े शासकीय आवासों की सुरक्षा के लिए कोई व्यवस्था थी? यदि थी, तो चोरी कैसे हो गई ? सहायक संचालक (मानपुर) नितिन निगम ने बताया कि मामले में संबंधित थाने को एफआईआर दर्ज कराने के लिए पत्र भेज दिया गया है। विभाग द्वारा जांच शुरू कर दी गई है और आरोपियों की तलाश की जा रही है। अब इस मामले में सभी की निगाहें जांच पर हैं। यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि चोरी का खुलासा कितनी जल्दी होता है, जिम्मेदार लोगों तक जांच पहुंचती है या नहीं, और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए वन विभाग क्या कदम उठाता है।
