वार्ड 14 की सीसी सड़क पर सवालों का साया, निर्माण गुणवत्ता को लेकर भड़के रहवासी
250 मीटर सड़क निर्माण में तकनीकी मानकों की अनदेखी का आरोप; ब्राइब्रेटर का इस्तेमाल नहीं होने का दावा, जांच के निर्देश की मांग
पाली उमरिया पाली नगर पालिका के वार्ड क्रमांक 14 में लाखों रुपये की लागत से बनाई जा रही करीब 250 मीटर लंबी सीसी सड़क निर्माण कार्य शुरू होते ही सवालों के घेरे में आ गई है। स्थानीय रहवासियों ने सड़क निर्माण में गुणवत्ता मानकों की अनदेखी किए जाने का आरोप लगाते हुए नगर पालिका प्रशासन से तत्काल मौके का निरीक्षण कर जांच कराने की मांग की है। रहवासियों का आरोप है कि सड़क की ढलाई के दौरान कंक्रीट को सही तरीके से कॉम्पैक्ट करने के लिए आवश्यक ब्राइब्रेटर का इस्तेमाल नहीं किया जा रहा है। लोगों का कहना है कि निर्माण की प्रक्रिया में तकनीकी मानकों का पालन नहीं होने पर सड़क की मजबूती और उसकी उम्र प्रभावित हो सकती है।
निर्माण की गुणवत्ता पर उठे सवाल
स्थानीय नागरिकों के मुताबिक सड़क निर्माण में केवल सीसी की ढलाई कर देना पर्याप्त नहीं है, बल्कि पूरी प्रक्रिया में निर्धारित तकनीकी मापदंडों का पालन जरूरी है। यदि कंक्रीट का उचित कॉम्पैक्शन नहीं हुआ तो भविष्य में सड़क में दरारें पड़ने, सतह खराब होने या सड़क के समय से पहले क्षतिग्रस्त होने की आशंका बनी रह सकती है।

लोगों का कहना है कि जब विकास कार्यों पर सरकारी राशि खर्च की जा रही है, तो उसकी गुणवत्ता की निगरानी भी उतनी ही गंभीरता से होनी चाहिए। रहवासियों ने मांग की है कि निर्माण पूरा होने से पहले जिम्मेदार अधिकारी मौके पर पहुंचकर कार्य की गुणवत्ता की जांच करें।
‘सरकारी राशि का हो सही इस्तेमाल’
स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क निर्माण का उद्देश्य सिर्फ काम पूरा दिखाना नहीं, बल्कि ऐसी सड़क तैयार करना होना चाहिए जो लंबे समय तक लोगों के उपयोग में आ सके। यदि निर्माण में अभी से लापरवाही हुई तो आने वाले समय में सड़क की मरम्मत पर दोबारा सरकारी राशि खर्च करनी पड़ सकती है।
प्रभारी इंजीनियर ने कहा—कराई जाएगी जांच
मामले में नगर पालिका के प्रभारी इंजीनियर दीपक उइके से चर्चा की गई। उन्होंने निर्माण कार्य की जांच कराने की बात कही है। उन्होंने कहा कि सड़क निर्माण में गुणवत्ता से किसी भी स्तर पर समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा और यदि निर्माण में कोई कमी पाई जाती है तो उसे नियमानुसार देखा जाएगा।
जांच के बाद साफ होगी तस्वीर
अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि वार्ड 14 में बन रही सीसी सड़क के निर्माण में वास्तव में निर्धारित तकनीकी मानकों का पालन हो रहा है या नहीं। स्थानीय लोगों की शिकायत के बाद नगर पालिका की जांच से ही स्थिति स्पष्ट होगी। रहवासियों को उम्मीद है कि अधिकारी मौके का निरीक्षण कर निर्माण की गुणवत्ता सुनिश्चित कराएंगे, ताकि सरकारी धन से बन रही सड़क लंबे समय तक मजबूत और टिकाऊ बनी रहे।
स्थानीय लोगों की मांग है कि निर्माण कार्य की निष्पक्ष जांच हो और गुणवत्ता में किसी भी प्रकार की कमी पाए जाने पर तत्काल सुधार कराया जाए।
